हर आदमी एक आसान रास्ता हमेसा से चुनता आ रहा है| हमने उन्हे मौका दिया है उन्हे आसान रास्ता चुनने का और हमे बाटने का | आज हमारा समाज का लगभग केवल एक चौथाई हिस्सा ही राजनीति की ऐसे तथाकथित ईमांदारी से समझदार है (कुछ सिंगल मतदाता के अलावा) | वही लोग बाकी लोगो को उसकाते है या दिसानिर्देश देते है| यही लोग राजनीति को अपनी रखैल बना कर रखे हुए है| इन्ही लोगो के कंधे पर बंदूख रख कर आज के ह्मारे नेता अपना निसाना लगाते है | इन्हे चुनाव के समय मे कुछ दीनो के लिए टाइम पास करने का साधन मिल जाता है और साथ मे उतने दिन का खर्चा और उतने ही दिन की इज़्ज़त | ह्मारे देश के जो पठ्ये लिखे जो युवा है उनके ज़िम्मे है की ओ बताए की कौन कैसा है | आज की वर्तमान इस्थिति ऐसी है की आज का हर आदमी भविष्यवक्ता बना बैठा हुआ है लोग सोचते है की वो आएगा तो ये दूर हो जाएगा , उसके आने से हमसे फ्ला समाज के लोग डरने लगेगे| लेकिन लोग इतिहास उठाकर देख ले की कभी भी और कही भी आज के आधुनिक समाज मे उसी को दिक्कत उठानी पड़ी है जो की कोई अल्पसंक्यक हो| रही बात डरने और डराने की ज़रा सोचो की कही तुम्हे अपने परिवार के किसी सदस्य को खोना पॅड जाए तो क्या होगा| मेरा अपना मानना है कि आज का सबसे बड़ा मुद्दा है भ्रष्टाचार| अगर यह एक बीमारी हमारे समाज से दूर हो जाए तो क्या कहना| भ्रष्टाचार केवल सरकार ही नही दूर कर सकती है इससे समाज को भी लड़ना होगा|
लोग जीडीपी दिखा दिखा कर कहते है की मैने विकास किया है लेकिन मुझे तो नही लगता है की अपने देश का कोई स्टेट लंडन हो गया है | मेरा मानना है कि हर एक प्रदेश की समस्या अलग-अलग होती है| कोई किसी भी प्रदेश की तुलना पंजाब से क्यो नही करता है जिसने कई दसको तक आतंकवाद को सहा है उसने जो भी विकास किया है अपने भौगोलिक बनावट और पंजाब के लोगो के मेहनत से| मेरा मानना है कि कुछ इसी तरह का विकास और भी प्रदेशो मे भी हुआ है| जो सम्रिध स्टेट है उनके पास टैक्श भी बहुत आता है| चोरी के बाद भी जो कुछ लगा वही सम्रिध राज्यो मे दिख रहा है| लेकिन ध्यान रखे की चोरी के बाद , अगर भ्रष्टाचार नही होता तो आप खुद सोच सकते है क्या ? ज़रा सोचिए की विकास हमारे देश मे क्यो नही हो रहा है............................
शायद भ्रष्टाचार , तो सोचिए की इससे कैसे लड़ा जा सकता है और वोट दीजिए और सरकार का सहयोग कीजिए| जाती धर्म से उपर उठिए केवल अगले कुछ तीस सालो के लिए, तो हो सकता है कि हमारा आने वाला कल ठीक हो | नही तो जैसे आप जीवन जी रहे है वैसे ही आपका बेटा भी रहेगा तो आपका फ्यूचर आपके हाथ मे| आपके एक वोट की कीमत लाखो रुपये की है (इंडिया के वित्त बजेट से)| याद रखिए आपके इस एक वोट का ख़ामियाजा पूरे देश को भुगतना पड़ता है|
और हाँ हर समस्या का हल हथियार उठना ही नही होता कि जो भी तुम्हारे खिलाफ बोले तो तुम उसका गला काट दो | पुराने कड़वे यादो को भूलिए आगे की ओर देखने मे ही भलाई है| किसी भी व्यक्ति विशेष की निजी जीवन से प्रभावित होकर अपने वोट को निर्धारित न करे|
वर्तमान की घटनाक्रम को को देख कर एक ईमानदार आदमी को चुने| आज आम आदमी पार्टी के आ जाने से आपका वो पुराना जुमला ख़तम हो गया की साहब किसको दे सब तो वैसे ही है एक जैसे | अब आप इन लोगो मे से बेहतरीन को चुनिए|
आज तक हम सारे लोग राजनीति को दूर से बैठ कर गालिया देते थे लेकिन जब आज कोई (अरविंद केजरीवाल) उसे सॉफ करने के लिए अपना सारा कुछ त्याग कर आया है तो उसका सम्मान करिए न की ये कहिए कि ये भी ऐसे ही हो जाएँगे| हो जाएँगे तो देखा जाएगा पर आज ज्योत्सी न बने| लोग कहते क़ि वो जो कहता है प्रॅक्टिकल नही है, लेकिन वो जो बाते कहता है वो तो आज ही नही आज़ादी के बाद के इन्ही ६७ ईयर मे हो जाने चाहिए था| अगर आप आज भी प्रॅक्टिकल नही मानते तो भगवान आपका भला करे| आपका विस्वास किसी और दल मे हो सकता है लेकिन मुझे नही लगता की आप उसके विजन को नही मानते होंगे| अगर आप की सोच अब भी नही बदली तो शायद भगवान ने आपको गाली देने के लिए ही बनाया होगा तो फिर आपका धनयवाद |
अंतिम बात आज पोलिटिकल पार्टी और कॉर्पोरेट के मिलीभगत से अपना देश चल रहा है तो इस कड़ी को कमजोर करने की ज़रूरत है|
देश के लिए आपका
सत्येंद्र पटेल
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